मुख्यमंत्री ममता बनर्जी को सुप्रीम कोर्ट की अवमानना का नोटिस: एसएससी भर्ती घोटाले पर टिप्पणी बनी विवाद का कारण

पश्चिम बंगाल की मुख्यमंत्री ममता बनर्जी को सुप्रीम कोर्ट के एक फैसले पर सार्वजनिक टिप्पणी करने के चलते अदालत की अवमानना का नोटिस जारी किया गया है। यह नोटिस अधिवक्ता सिद्धार्थ दत्ता द्वारा एनजीओ ‘आत्मदीप’ की ओर से भेजा गया है। यह मामला 3 अप्रैल 2025 को सुप्रीम कोर्ट द्वारा राज्य में 25,000 से अधिक […]

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केरल मदरसा शिक्षक को 187 वर्षों की सजा: विशेष POCSO अदालत का ऐतिहासिक निर्णय

केरल के कन्नूर जिले में एक मदरसा शिक्षक को नाबालिग छात्रा के साथ बार-बार यौन शोषण के मामले में कुल 187 वर्षों की सजा सुनाई गई है। यह फैसला 9 अप्रैल 2025 को तलिपरंबा स्थित विशेष POCSO अदालत ने सुनाया, जो राज्य में बाल संरक्षण से जुड़े मामलों में सबसे कठोर सजा में से एक […]

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श्री जस्टिस अरुण पाली जम्मू-कश्मीर और लद्दाख उच्च न्यायालय के मुख्य न्यायाधीश नियुक्त

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झारखंड उच्च न्यायालय का निर्देश: पारसनाथ पहाड़ी की पवित्रता बनाए रखने के लिए समिति गठित करें मुख्यमंत्री

रांची: झारखंड उच्च न्यायालय ने राज्य सरकार को निर्देश दिया है कि वह पारसनाथ पहाड़ी की वर्तमान स्थिति का मूल्यांकन करने के लिए एक समिति का गठन करे। इस समिति में जिला विधिक सेवा प्राधिकरण (DLSA) के सदस्य, राज्य सरकार के प्रतिनिधि और याचिकाकर्ता शामिल होंगे। समिति को स्थल का निरीक्षण कर एक रिपोर्ट प्रस्तुत […]

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गुजरात हाईकोर्ट का निर्णय: सरकारी कर्मचारी की दोनों विधवाओं को समान रूप से पेंशन का अधिकार

गुजरात उच्च न्यायालय ने एक महत्वपूर्ण फैसले में स्पष्ट किया है कि यदि कोई सरकारी कर्मचारी सेवानिवृत्ति से पहले एक से अधिक विवाह करता है, तो उसकी मृत्यु के बाद पारिवारिक पेंशन दोनों विधवाओं के बीच समान रूप से वितरित की जानी चाहिए।​ यह मामला एक सरकारी कर्मचारी की मृत्यु के बाद उसकी दो विधवाओं […]

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जनसंख्या आधारित परिसीमन पर नई बहस – दक्षिण भारत की चिंताएं और लोकतंत्र की दिशा

विशेष रिपोर्ट देश में एक बार फिर परिसीमन का मुद्दा जोर पकड़ रहा है। जनसंख्या के आधार पर लोकसभा सीटों के पुनर्गठन की प्रक्रिया से दक्षिण भारत के राज्यों, विशेष रूप से तमिलनाडु और आंध्र प्रदेश में गहरी चिंता उत्पन्न हो गई है। इन राज्यों का मानना है कि यदि केवल जनसंख्या को प्रतिनिधित्व का […]

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बॉम्बे हाईकोर्ट का निर्णय: मानव दांत को ‘खतरनाक हथियार’ नहीं माना जा सकता, काटने के मामले में दर्ज FIR रद्द

बॉम्बे हाईकोर्ट की औरंगाबाद पीठ ने एक महत्वपूर्ण निर्णय में स्पष्ट किया है कि भारतीय दंड संहिता की धारा 324 के तहत मानव दांत को ‘खतरनाक हथियार’ नहीं माना जा सकता। इस फैसले के तहत अदालत ने 2020 में दर्ज एक प्राथमिकी को रद्द कर दिया, जिसमें एक महिला ने अपनी भाभियों पर पारिवारिक विवाद […]

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भारत-बांग्लादेश संबंधों में बढ़ता तनाव: ट्रांसशिपमेंट सुविधा समाप्ति और अल्पसंख्यकों की सुरक्षा पर चिंता

भारत और बांग्लादेश के बीच हालिया घटनाक्रमों ने दोनों देशों के संबंधों में तनाव की स्थिति उत्पन्न कर दी है। भारत ने बांग्लादेश को दी गई ट्रांसशिपमेंट सुविधा को समाप्त कर दिया है, जिससे बांग्लादेश के निर्यात पर प्रतिकूल प्रभाव पड़ सकता है। इसके साथ ही, बांग्लादेश में धार्मिक अल्पसंख्यकों की सुरक्षा को लेकर भी […]

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इलाहाबाद हाईकोर्ट का विवादित बयान: “पीड़िता ने खुद बुलाई मुसीबत”, आरोपी को दी गई जमानत

प्रयागराज स्थित इलाहाबाद उच्च न्यायालय ने हाल ही में एक बलात्कार के मामले में आरोपी को जमानत देते हुए ऐसा बयान दिया है, जो सार्वजनिक और कानूनी हलकों में बहस का विषय बन गया है। अपने आदेश में न्यायालय ने कहा कि पीड़िता, जो एक शिक्षित युवती है, ने अपने व्यवहार और निर्णयों से स्वयं […]

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26/11 मुंबई हमले के आरोपी तहव्वुर राणा भारत लाए गए: गिरफ्तारी से प्रत्यर्पण तक की पूरी कहानी

26 नवंबर 2008 को हुए मुंबई आतंकी हमले में 166 लोगों की जान गई थी, जिनमें छह अमेरिकी नागरिक भी शामिल थे। इस हमले की साजिश में शामिल रहे पाकिस्तानी मूल के कनाडाई नागरिक तहव्वुर राणा को अमेरिका से भारत प्रत्यर्पित किया गया है। 10 अप्रैल 2025 को उन्हें विशेष विमान से नई दिल्ली के […]

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