उत्तर प्रदेश पंचायत राज अधिनियम, 1947 – ‘ग्राम प्रधान’ का चुनाव

VIJAY BAHADUR बनाम SUNIL KUMAR एवं अन्यSCR उद्धरण: [2025] 4 S.C.R. 11तारीख: 06 मार्च 2025न्यायाधीश: माननीय श्री न्यायमूर्ति संजय करोलप्रकरण प्रकार: सिविल अपील /14311/2024निर्णय: अपील स्वीकृतन्यूट्रल सिटेशन: 2025 INSC 332 उत्तर प्रदेश पंचायत राज अधिनियम, 1947 – ‘ग्राम प्रधान’ का चुनाव –अपीलकर्ता की असंतुष्टि की जड़ उस विसंगति में थी जो पीठासीन अधिकारी द्वारा मतदान […]

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स्नातकोत्तर डिग्री रखने वाले अपीलकर्ता FSO (Food Safety Officer) पद हेतु पूर्णतः योग्य  हैं

CHANDRA SHEKHAR SINGH AND OTHERS बनाम THE STATE OF JHARKHAND AND OTHERSSCR उद्धरण: [2025] 4 S.C.R. 129निर्णय दिनांक: 20 मार्च 2025न्यायाधीश: माननीय श्री न्यायमूर्ति संदीप मेहताप्रकरण प्रकार: सिविल अपील /10389/2024निर्णय: अपील स्वीकृतन्यूट्रल सिटेशन: 2025 INSC 372 मुख्य बिंदु (हेडनोट): खाद्य सुरक्षा एवं मानक अधिनियम, 2006 – धाराएँ 37, 91 – खाद्य सुरक्षा एवं मानक नियम, […]

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मोटर यान अधिनियम, 1988 – मोटर दुर्घटना – मुआवज़ा – मुआवज़े की राशि सीधे दावाकर्ता के बैंक खाते में ट्रांसफर की जाए

PARMINDER SINGH बनाम HONEY GOYAL AND OTHERS SCR उद्धरण: [2025] 4 S.C.R. 50 निर्णय दिनांक: 18 मार्च 2025 न्यायाधीश: माननीय श्री न्यायमूर्ति राजेश बिंदल प्रकरण प्रकार: सिविल अपील /4299/2025 निर्णय: अपील स्वीकार न्यूट्रल सिटेशन: 2025 INSC 361 मोटर यान अधिनियम, 1988 – मोटर दुर्घटना – मुआवज़ा – वृद्धि – अपीलकर्ता, आयु 21 वर्ष, पशु चिकित्सा […]

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निजी अस्पतालों में मनमाने शुल्क और रोगियों के शोषण की समस्या

SIDDHARTH DALMIA एवं अन्य बनाम UNION OF INDIA एवं अन्य SCR उद्धरण: [2025] 4 S.C.R. 197 निर्णय दिनांक: 04 मार्च 2025 न्यायाधीश: माननीय श्री न्यायमूर्ति सूर्यकांत प्रकरण प्रकार: रिट याचिका (सिविल) /337/2018 निर्णय: याचिका का निपटारा न्यूट्रल सिटेशन: 2025 INSC 351 भारतीय संविधान – भाग IV; सातवीं अनुसूची, सूची-II – निजी अस्पतालों में मनमाने शुल्क […]

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MP Judicial Service Rules, 1994 के नियम 6A में 2023 संशोधन, जिसमें दृष्टिबाधित एवं अल्पदृष्टि अभ्यर्थियों को अयोग्य घोषित किया गया था, को संविधान के विरुद्ध करार देते हुए निरस्त कर दिया गया।

IN RE: RECRUITMENT OF VISUALLY IMPAIRED IN JUDICIAL SERVICES बनाम —SCR उद्धरण: [2025] 4 S.C.R. 222निर्णय दिनांक: 03 मार्च 2025न्यायाधीश: माननीय श्री न्यायमूर्ति आर. महादेवनप्रकरण प्रकार: स्वतः संज्ञान रिट याचिका (सिविल) /2/2024निर्णय: याचिका का निपटारान्यूट्रल सिटेशन: 2025 INSC 300 मुख्य बिंदु (हेडनोट): न्यायिक सेवा – दृष्टिबाधितों की नियुक्ति –MP Judicial Service Rules, 1994 के नियम […]

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जब तक विधिसम्मत बंटवारा न हो, वादी को उसके वर्तमान कब्जे से वंचित नहीं किया जा सकता

GANGUBAI RAGHUNATH AYARE बनाम GANGARAM SAKHARAM DHURI (मृत) द्वारा प्रतिनिधि और अन्यSCR उद्धरण: [2025] 4 S.C.R. 184निर्णय दिनांक: 17 मार्च 2025न्यायाधीश: माननीय श्री न्यायमूर्ति अहसानुद्दीन अमानुल्लाहप्रकरण प्रकार: सिविल अपील /3183/2009निर्णय: अपील का निपटारा किया गयान्यूट्रल सिटेशन: 2025 INSC 355 मुख्य बिंदु (हेडनोट): वाद – आवश्यक पक्षकारों की अनुपस्थिति – ‘V’ (वादी का भाई एवं प्रतिवादी […]

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सेवा कानून – पेंशन – पेंशन योजना – पात्र सेवानिवृत्त कर्मचारियों द्वारा विकल्प का निर्धारित अवधि में प्रयोग न करना – प्रभाव

BANK OF INDIA & ORS. बनाम MUTHYALA SAIBABA SURYANARAYANA MURTHY & ANR.SCR उद्धरण: [2025] 4 S.C.R. 120निर्णय दिनांक: 18 मार्च 2025न्यायाधीश: माननीय श्री न्यायमूर्ति दीपांकर दत्ताप्रकरण प्रकार: सिविल अपील /3829/2025निर्णय: अपील स्वीकार की गईन्यूट्रल सिटेशन: 2025 INSC 373 मुख्य बिंदु (हेडनोट): बैंक ऑफ इंडिया (अपीलकर्ता संख्या 1) ने अपने पात्र सेवानिवृत्त कर्मचारियों से Bank of […]

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भारत-पाकिस्तान संघर्ष: अप्रैल 2025 कश्मीर हमला और उसके बाद की घटनाएं

अप्रैल 2025 में कश्मीर के पहलगाम में हुए भीषण आतंकी हमले के बाद भारत और पाकिस्तान के बीच तनाव खतरनाक स्तर तक बढ़ गया है। इस हमले में बड़ी संख्या में निर्दोष पर्यटकों की जान गई, जिसके परिणामस्वरूप दोनों पड़ोसी देशों ने एक-दूसरे के खिलाफ कड़े कदम उठाए। इसके तहत लंबे समय से चली आ […]

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अनुच्छेद 226 के अंतर्गत FIR रद्द करने की असाधारण शक्ति: विधिक प्रक्रिया के दुरुपयोग के विरुद्ध एक सुरक्षा कवच”

KIM WANSOO vs. STATE OF UTTAR PRADESH & ORS. SCR Citation: [2025] 1 S.C.R. 1 भारतीय संविधान – अनुच्छेद 226 – दंड प्रक्रिया संहिता, 1973 – धारा 482 – आपराधिक कार्यवाही को रद्द करना – अनुच्छेद 226 के तहत असाधारण शक्ति का प्रयोग – आरोपीगण (जिसमें अपीलकर्ता – एक विदेशी नागरिक एवं प्रोजेक्ट मैनेजर – […]

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बिजली अधिनियम 2003 की धारा 63 की शाब्दिक व्याख्या और राज्य विद्युत आयोग के कर्तव्यों की न्यायिक पुष्टि

MUNICIPAL CORPORATION OF DELHI vs. GAGAN NARANG & ORS. ETC. SCR Citation: [2025] 1 S.C.R. 239 बिजली अधिनियम की धारा 63 की व्याख्या पर सुप्रीम कोर्ट का महत्वपूर्ण फैसला सुप्रीम कोर्ट ने बिजली अधिनियम 2003 की धारा 63 से संबंधित एक अहम मामले में फैसला सुनाते हुए यह स्पष्ट किया है कि जब किसी कानून की भाषा […]

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